विटामिन ई के बारे में जानकारी (All About Vitamin A): विटामिन ई एक ऐसा आवश्यक पोषक तत्व है जो शरीर की समुचित विकास के लिए बेहद जरूरी है. ज़्यादातर लोग बैलेंस डाइट के जरिए विटामिन ई ले सकते हैं. मायो क्लिनिक वेबसाइट ने कुछ रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार छापा है कि, अगर आपको अल्जाइमर की समस्या है तो विटामिन ई का सेवन करने से इस बीमारी को बढ़ने से रोका जा सकता है.

लेकिन क्या आप जानते हैं कि अगर मात्रा सही नहीं है तो विटामिन ई को सामान्य तौर से मुंह के जरिए लेने से प्रोस्टेट कैंसर का खतरा बढ़ सकता है. लेकिन इसके सप्लीमेंट का इस्तेमाल इसके गंभीर प्रभावों को रोक सकता है. सप्लीमेंट का उपयोग अन्य गंभीर जोखिमों को रोक सकता है, यदि आपके पास अन्य स्वास्थ्य स्थितियां हैं या दिल का दौरा या स्ट्रोक हुआ है.

सेफ्टी और साइड-इफेक्ट्स: अगर विटामिन ई की मात्रा ठीक है तो विटामिन ई का सेवन करना कुछ हद तक सेफ माना जाता है. शायद ही कभी, विटामिन ई को खाने से ये समस्याएं हो सकती हैं…

-जी मिचलाना-दस्त
-आंतों में ऐंठन
-थकान
-कमजोरी महसूस होना
-सरदर्द
-धुंधली दृष्टि

-रैशेज
-जननांगों में शिथिलता
-यूरिन में क्रिएटिन में वृद्धि (क्रिएटिनिनिया)
विटामिन ई की ज्यादा मात्रा लेने से साइड इफेक्ट का खतरा बढ़ सकता है. इसके अलावा, यदि कमजोर सेहत वाले लोग जो विटामिन ई की हाई डोज लेते हैं, उनमें मौत का खतरा बढ़ जाता है.

विटामिन ई का उपयोग कई स्थितियों में किया जाता है. उदाहरण के लिए, शोध से पता चलता है कि विटामिन ई को मुंह के जारिए लेने से प्रोस्टेट कैंसर का खतरा बढ़ सकता है..अन्य शोध यह बात सामने आई है कि विटामिन ई के उपयोग से दिल की बीमारी, जैसे दिल का दौरा या स्ट्रोक के गंभीर इतिहास वाले लोगों में मृत्यु का खतरा बढ़ सकता है. विटामिन ई लेने से पहले अपने डॉक्टर से बात करें:

विटामिन के की कमी
रेटिनाइटिस पिगमेंटोसा- एक आंख की स्थिति जिसमें रेटिना डैमेज हो जाता है.
ब्लीडिंग डिसऑर्डर
मधुमेह
अगर पहले कोई दिल का दौरा या स्ट्रोक आ चुका हो.
सिर और गर्दन का कैंसर
लिवर की बीमारी
-विटामिन ई का सप्लीमेंट लेने से ब्लीडिंग की समस्या हो सकती है. अगर आप सर्जरी करवाने जा रहे हैं तो इसके दो सप्ताह पहले विटामिन ई लेना बंद कर दें.

-इसके अलावा, अपने डॉक्टर से विटामिन ई के इस्तेमाल के बारे में बात करें अगर आपने आपने हाल ही में ब्लॉक्ड धमनियों को खोलने और आपके हृदय की मांसपेशियों (एंजियोप्लास्टी) में सामान्य रूप से रक्त संचार की प्रकिया करवाई है.

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.





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